01/09/2025
हिमाचल प्रदेश में इन दिनों भारी बारिश, भूस्खलन और आपदा की स्थिति बनी हुई है, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है.
भारी बारिश और भूस्खलन
प्रदेश में लगातार बारिश के चलते शिमला, मंडी, चंबा, कांगड़ा समेत कई जिलों में भूस्खलन और बाढ़ की स्थिति बनी है.
मूसलधार बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त है, कई सड़कें, राष्ट्रीय राजमार्ग बंद हो चुके हैं और कई मकान ध्वस्त हो गए हैं.
हमीरपुर के चबूतरा गांव में भारी बारिश के बाद पूरे गांव में संकट पैदा हो गया, पांच परिवारों के घर जमींदोज़ हो गए.
आपदा प्रभावित राज्य घोषित
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने विधानसभा में हिमाचल को आपदा प्रभावित राज्य घोषित किया है.
लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है और राहत कार्य लगातार जारी है.
स्कूल और ट्रेनें बंद
प्रदेश के 11 जिलों में भारी बारिश के चलते स्कूल बंद कर दिए गए हैं.
विश्व धरोहर ट्रैक पर 5 सितंबर तक सभी ट्रेनें रद्द कर दी गई हैं.
नुकसान का आंकलन
इस मानसून में प्रदेश को 1500 करोड़ रुपए से अधिक का नुकसान हुआ है.
मंडी, बिलासपुर, हमीरपुर, शिमला और चंबा में सबसे अधिक जनहानि और संपत्ति का नुकसान हुआ है.
प्रशासन और राहत कार्य
जिलों में रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी है; प्रशासन राहत एवं बचाव कार्यों में जुटा हुआ है.
शिमला और ऊना सहित कई क्षेत्र में बिजली, पानी, और यातायात में समस्याएँ बनी हुई हैं.
अन्य समाचार
घोटाले और ईडी कार्रवाई से जुड़े कुछ मामले भी प्रदेश में चर्चित हैं.
विधानसभा की कार्यवाही भी अस्थायी रूप से स्थगित करनी पड़ी.
अभी प्रदेश के कई जिलों में रेड अलर्ट जारी है। प्रशासन लोगों को सतर्कता बरतने की सलाह दे रहा है और राहत कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है