Jaisinghpur, Sultanpur, Uttar Pradesh

Jaisinghpur, Sultanpur, Uttar Pradesh Jaisinghpur is a Tehsil in Sultanpur District of Uttar Pradesh State, India. Jaisinghpur Tehsil Head

24/12/2025

एक भाई को ट्रेन में बिना टिकट यात्रा करने की पुरानी आदत थी।
कभी पकड़े नहीं गए, इसलिए हौसला दिन-ब-दिन बढ़ता चला गया।
धीरे-धीरे वो किसी की भी रिजर्व सीट पर धड़ल्ले से कब्जा करने लगे।
कोई टोके तो पहले गाली-गलौच, फिर धमकी और ज़रूरत पड़े तो मारपीट तक उतर आते।
एक दिन एसी कोच में बिना टिकट चढ़े और सीधे एक शरीफ सवारी की सीट पर जा धमके।
उस सज्जन ने मना किया तो वही पुराना ड्रामा शुरू—
पहले अभद्रता, फिर धमकियाँ, फिर हाथ छोड़ने की तैयारी।
सज्जन ने फौरन पुलिस को फोन कर दिया।
पुलिस आई तो भी भाई साहब हेकड़ी दिखाते रहे।
इतने में टीटीई साहब भी पहुँच गए और सबसे पहले टिकट माँगा।
टिकट तो था ही नहीं, बस आँय-बाँय शुरू।
फाइन की बात आई, गिरफ्तारी की बात आई तो भाई बोले:
“अरे जब मैं स्टेशन में घुसा तब आप कहाँ थे?
जब प्लेटफॉर्म पर चढ़ा तब क्यों नहीं रोका?
जब मैं यहाँ आराम से बैठ गया तब किसी ने कुछ नहीं कहा।
अब ये साहब झगड़ा करने लगे तो आप लोग टिकट का बहाना लेकर इनकी तरफदारी करने चले आए?
मेरे पास अभी पैसे नहीं हैं, जाना इसी ट्रेन से है, तो क्या आप मुझे बाहर फेंक देंगे?
ये कैसा न्याय है भाई? पहले नोटिस दो!
हम सालों-साल से बिना टिकट चल रहे हैं, तब किसी को कुछ नहीं दिखा?
अब बस इस एक आदमी का पक्ष लेने के लिए फाइन ठोंक रहे हो?”
इतना सुनते ही कोच में मौजूद चार-पाँच और बिना टिकट वाले एकदम एक्टिव हो गए।
सब मिलकर हंगामा शुरू:
“ये ट्रेन हमारी है! हमने इसमें पसीना बहाया है!
हमारे बाप-दादों ने खून देकर ये रेल बनवाई है!
टिकट वालों से भेदभाव बंद करो!
सीट सबकी बराबर चाहिए, वरना तानाशाही है!
ये साहब न झगड़ते तो आप लोग आते भी नहीं, साफ-साफ इनकी सपोर्ट में कर रहे हो सब!”
फिर तो कुछ लोकल छुटभैये नेता भी पहुँच गए।
माइक निकाला और भाषण शुरू:
“रेल की सीटों पर पहला हक बिना टिकट यात्रियों का है!
रेलवे जानबूझकर टिकट वाले और बेटिकट वाले के बीच नफरत फैला रहा है।
हम ये नफरत नहीं होने देंगे!
हम कानून बनवाएँगे कि पहले सारी सीटें बिना टिकट वालों को मिलेंगी,
बची-खुची सीटें होंगी तो टिकट वालों को दे देना!”
टीटीई और पुलिस वाले आपस में देखने लगे—
अब बताओ, बिना टिकट वाले को पकड़ना गुनाह था या नेकी?
बस यही नैरेटिव आजकल देश में सेट करने की पूरी कोशिश हो रही है।
रोहिंग्या और बांग्लादेशी घुसपैठिए ठीक वैसे ही सरहद पार करके आते हैं,
कब्जे जमाते हैं, और हमारे सेक्युलर नेतागण, राहुल गांधी जैसे बड़े-बड़े लोग
खुलेआम उनकी वकालत करते हैं, SIR प्रक्रिया पर सवाल उठाते हैं,
और यही कहते हैं - “पहले तो आने दिया, अब क्यों निकाल रहे हो?”
ठीक वही ट्रेन वाला डायलॉग, बस स्केल बड़ा हो गया है।

साभार!

13/10/2025

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17/05/2024

पहले बच्चों को घर में समझाया जाता था कि गाँव की लड़की बहन के समान है, कहीं जरुरत पड़े तो उसकी रक्षा की जिम्मेदारी तुम्हारी है,
परिवार के बच्चो को सही या गलत पर टोकने का हक सभी जन का था
पर अब परिवार में ही बच्चो के गलत होने पर देखते हुए भी परिवारजन भी नही बोल सकते ,
मेरी लडकी है या मेरा लड़का है तुमसे क्या मतलब जैसी कड़वी बाते सुना देते है मां बाप...

नतीजन

आज आधुनिकता के नाम पर स्कूल से घर आते ही 8 साल के बच्चे से उसी की माँ बत्तीसी दिखाकर पूछती है, कोई गर्ल फ्रेंड बनाई या नहीं? साथ में बैठा बाप भी टोकने की बजाय हँसता है....
घर से नारी सम्मान के संस्कारों की जगह नारी भोग की मानसिकता का विष पिलाया जा रहा है। ऐसे संस्कार राम राज्य नहीं बल्की विनाश काल के राज्य का निर्माण करेंगे!!!

पहले नौजवान कालेज जाते... सगी बहन तो छोड़िए गाँव की लड़की की और आँख उठाकर देखने वालो को ढंग से समझा देते थे... उन में से बहुत सारे ,पीड़ित लड़की को शक्ल से जानते तक नहीं होते थे मगर गाँव की लड़की है बस सोच के सम्मान की मानसिकता और संस्कार उन्हें उस बहन के सम्मान की खातिर जान पर खेलने से भी परहेज नहीं करने देते थे।

और आज की मानसिकता देखिए। पड़ोस का आवारा किसी दूर स्थान के आवारा से यह कहता अमूमन मिल जाएगा कि हमसे तो पटती नहीं, भाई तु पटा ले!!

प्रश्न विचारणीय है साथियों! अपने घर को बदलो देश बदलते देर नहीं लगेगी!

जिन बुजुर्गों के विचारों को हम रद्दी की टोकरी में फेंक आये और आधुनिकता के नाम पर नंगापन और फूहड़ता को ढोते फिर रहे हैं, ऐसी आधुनिकता को आग लगे।।।।।

हिंदू नववर्ष चैत्र शुक्ल प्रतिपदा २०८१ पर अयोध्या से श्री रामलला के दिव्य अलौकिक दर्शन ❣️   #जयश्रीरराम  #नववर्ष
09/04/2024

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04/04/2024

जिस कॉपी पर सब विषयों को सँभालने की जिम्मेदारी होती है वो अक्सर रफ़ कॉपी बन जाती है।परिवार में जिम्मेदार इंसान का भी यही हाल होता है !!!

नमो: नमो: विष्णु का अवतार मंगलम "जय श्री राम" ❣️
15/03/2024

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अयोध्या से महाराजाधिराज श्री हनुमान जी महाराज के अद्भुत दर्शन 🙏🌺
14/03/2024

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हर कोशिश में शायद सफलता नहीं मिल पाती लेकिन हर सफलता का कारण कोशिश ही होती है !

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