25/03/2024
रंगबिरंगी होली मुबारक़ हो। मैं सोचता हूं कि अगर किसी एक रंग को खास मानकर उससे ही होली खेलना का नियम होता तो क्या होली इतनी लुभानवी होती।नहीं बिलकुल भी नहीं… हमेशा से मिलाजुला और साझापन शोभा बढ़ाता रहा है… यही साझापन हमारे अपने देश की खासियत रहा है। यही वजह है कि होली का त्योहार भी किसी एक कौम तक महदूद न होकर आपसी भाईचारे का प्रतीक रहा है।