09/10/2018
अभी पिछले महीने एक BSF के जवान अच्युतानंद मिश्रा की पाकिस्तान के लिए जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तारी हुई। जिसमे वो सेना की संवेदनशील जानकारी ISI को दे रहा था. इस महीने पुलिस ने एक और नमक हराम को उठा लिया है। उत्तर प्रदेश ATS ने सोमवार को नागपुर से एक DRDO इंजीनियर निशांत अग्रवाल को गिरफ़्तार किया है. निशांत पर सुरक्षा से जुड़ी जानकारियों को पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI को देने का आरोप है. बताया जा रहा है कि ये कर्मचारी भारत की अति महत्वपूर्ण ब्रह्मोस से जुड़ी जानकारी पाकिस्तान और अमेरिका को दे रहा था. महाराष्ट्र में नागपुर स्थित वर्धा रोड पर बनी रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) की इकाई ब्रह्मोस एयरोस्पेस यूनिट में कार्यरत निशांत अग्रवाल को यूपी ATS तथा महाराष्ट्र ATS ने संयुक्त कार्रवाई के दौरान गिरफ्तार किया है। शक तो इसपर काफी समय से किया जा रहा था लेकिन अधिकारी सबूत इकठ्ठा कर रहे थे।
निशांत के अलावा 2 और वैज्ञानिको को धरा गया है
बाकी इधर उधर की बात छोड़कर सीधा यह सोचिये ISI की पहुंच BSF और DRDO तक किस कदर घुसी हुई है। यह चिंता का विषय होना चाहिए आपके लिए लेकिन चंद राजनेताओ की अफीम चाटकर आपको किसी बस में हरा झंडा दिख जाए तो बस रोककर बुज़ुर्ग को गाली सुनाते हो, किसी शबे रात की बाइक वीडियो में खुश लौंडो को "पाकिस्तान की जीत पर नाच रहे है " , चला देते हो। किसी का फ्रिज चेक करते हो तो किसी की केतली , किसी की गर्लफ्रेंड का नाम तो किसी की देशभक्ति। लेकिन आपकी नाक के नीचे ISI घुसकर हमारे बन्दों को खरीद लेता है इसपर आप सिर्फ इसलिए चुप्पी साध लेते हो क्योकि उसका नाम किसी समुदाय की कही जाने वाली भाषा से नहीं आता। बाकी सरनेम इतनी बड़ी चीज़ है कि किसी की बीवी को 25 लाख देकर डैमेज कण्ट्रोल कर लिया जाता है और किसी JNU के छात्र की माता को 2 साल से दर दर भटकाकर कहते है " केस बंद न कोई कातिल न मकतूल "
अब मेहेरबानी करके जासूसी को कठुआ बलात्कार और आतंकी वैभव राउत की तरह आत्मसात मत करदेना , न समर्थन ने रैली निकालना न उस गुजराती आतंकी जिसने अजमेर में बम फोड़ा था , की तरह फूलो से स्वागत करना इस गद्दार का
( कोई उस शीफू को भी बता दो उसके शहर के पास ऐसा हुआ है )