20/08/2026
Under BJP GOVT Haryana Progress Me?@रेशनलाइजेशन के बाद भी सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी है, एचकेआरएन से चल रहा काम
हरियाणा के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों के 18,540 पद खाली, टीजीटी में सबसे बड़ा संकट
1.16 लाख स्वीकृत पदों में 91554 ही कार्यरत, 6,237 पदों पर एचकेआरएन से काम चल रहा
सवेरा ब्यूरो/नवनीत शर्मा चंडीगढ़, 17 अगस्त: हरियाणा के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की कमी का बड़ा आंकड़ा सामने आया है। जून 2025 की रेशनलाइजेशन प्रक्रिया के बाद तैयार कुल कामकाज और रिक्त पदों की स्थिति के अनुसार प्रदेश में शिक्षकों एवं प्रधानाचार्य/हेडमास्टर के कुल 1,16,331 पद स्वीकृत हैं जवकि इनमें से 91,554 पदों पर ही कर्मचारी कार्यरत हैं। नियमित रिक्तियों की संख्या 24,777 है। इनमें से 6,237 पदों पर हरियाणा कौशल रोजगार नियम (एचकेआरएन) के माध्यम से कर्मचारी लगाए गए हैं। इसके बाद भी 18,540 पदों की नेट वैकेंसी बनी
टीजीटी के 8,126 पद खाली, सबसे ज्यादा कमी यहीं
विषयवार आंकड़ों में सबसे गंभीर स्थिति टीजीटी/ईएसएचएम को है। कुल 41,089 पदों के मुकाबले 27,425 कर्मचारी कार्यरत हैं। नियमित तौर पर 13,664 पद खाली है और एचकेआरएन के माध्यम से 5,338 पदों पर काम चलाया जा रहा है। इसके बावजूद 8,126 पदों की नेट वैकेसी बनी हुई है। इनमें डॉयरेक्ट कोटा के 27528 और प्रमोशन कोटे के 13561 पद शामिल है।
पीआरटी में 3,051 पद खालीपीआरटी में 3,051 पद खाली
एचटी/पीआरटी के कुल 35,644 पदों में से 32,593 पदों पर कर्मचारी कार्यरत हैं। इस कैडर में 3,051 पदों की नेट वैकेसी सामने आई है। खास बात यह है कि इस श्रेणी में रिक्त पदों को पूरा करने के लिए एचकेआरएन से कोई नहीं दिखाया गया है।
हुई है।पीजीटी में भी 6,016 पदों काटोटा: पीजीटी के कुल 36,094 स्वीकृत पदों में से 29,379 पर कर्मचारी कार्यरत हैं। नियमित रिक्त पदों की संख्या 6,715 है। इनमें 699 पद एचकेआरएन के जरिए भरे गए हैं। इसके बाद भी 6,016 पद खाली हैं। पीजीटी के स्वीकृत पदों में
25,350 पद सीधी भर्ती और
10,744 पद पदोन्नति कोटे के है।
प्रधानाचार्य/हेडमास्टर के
हैं। इन पदों पर एचकेआरएन से भी
कोई कर्मचारी तैनात नहीं किया गया है।
रेशनलाइजेशन के बाद भी नहीं भर पाया गैप
आंकड़े बताते हैं कि रेशनलाइजेशन के बाद स्वीकृत पदों और कार्यरत कर्मचारियों के बीच बड़ा अंतर अभी भी कायम है। कुल 24,777 नियमित रिक्तियों में से 6,237 पदों पर एचकेआरएन के जरिए व्यवस्था की गई है। इसके बावजूद 18,540 पदों का नेट गैप बना हुआ है। सवसे ज्यादा नेट कमी टीजीटी/ईएसएचएम में 8,126, इसके बाद पीजीटी में 6,016, एचटी/पीआरटी में 3,051 और प्रधानाचार्य/हेडमास्टर में 1,347 पदों की है। ऐसे में सरकारी स्कूलों में नियमित शिक्षकों की भतीं और रिक्त पदों को भरना शिक्षा विभाग के सामने बड़ी चुनौती बनी हुई है।
1,347 पद रिक्त : प्रधानाचार्य/हेडमास्टर के कुल 3,504 पदों में से 2,157 पद कार्यरत हैं। इस कैडर में 1,347 पद खाली हैं। आंकड़ों के अनुसार ये सभी रिक्तियां प्रमोशन कोटे में दिखाई गई