09/12/2020
#ब्राउन_शुगर : कुछ दिन पहले सौभाग्य से अगौता शुगर मिल, बुलंदशहर जो की एक निजी चीनी मिल है में विजिट करने का मौका प्राप्त हुआ। गन्ने के रस से बनने वाले विभिन्न उत्पादों को देखने समझने का मौका मिला।
एकाएक सुनहरी पीले दाने युक्त शक्कर उत्पाद पर नजर पड़ी.... जिसे आप और हम ब्राउन शुगर के नाम से जानते हैं....
मिल के क्वालिटी कंट्रोल मैनेजर ने बताया... ब्रिटेन के लिए अकेले बुलंदशहर की इस मिल को एक लाख ब्राउन शुगर कट्टो Pack (50 kg) की आपूर्ति का आर्डर मिला है ।
ब्राउन शुगर ऐसी शुगर होती है जो शीरे (लाट) से युक्त होती है... जिसे रिफाइन कर व्हाइट शुगर में तब्दील नहीं किया जाता...
इसे आप भूरी चीनी कह सकते हैं... रंग भी सुनहरा होता है, इसे रो शुगर भी कहते हैं ।
जिस जहरीली सफेद चीनी को हम इस्तेमाल में लाते हैं उसमें ना विटामिन होता है ना कोई खनिज होता है...
लेकिन इस ब्राउन शुगर में विटामिन बी 6 से लेकर B12 मैग्नीशियम पोटेशियम जैसे खनिज पर्याप्त संतुलित मात्रा में होते हैं।
इसका सीधा सा अर्थ है ब्राउन शुगर आपके शरीर के रक्तचाप, गंजापन, स्किन संबंधित रोग, शरीर में विटामिन डिफिशिएंसी को नहीं होने देती है... पाचन शक्ति बढ़ती है।
जब मैंने शुगर मिल के प्रबंधक से ब्राउन शुगर का दाम पूछा सफेद चीनी से कम निकला अर्थात् 24 00कुंटल बतलाया... ब्राउन शुगर के निर्माण में किसी भी केमिकल का इस्तेमाल नहीं होता मुझे मिल कर्मियों ने बताया, यह मैंने अपनी
आँखों से भी देखा कुदरती प्रक्रिया के तहत इसका निर्माण होता है|
लेकिन हम लोगो की मूर्खता के कारण इसकी माँग बाजार में कम है...
माँग कम होने से इसकी बाजार में उपलब्धता भी कम है...
आज भी हम रिफाइंड चीनी को इस्तेमाल में ला रहे हैं जिसके खतरनाक दुष्प्रभाव शरीर पर हैं । अमेजॉन जैसी ई कॉमर्स कंपनियाँ 100 से 150 रुपए किलो इसे बेच रही है।
हमारी चीनी मिल कंपनियाँ बड़े पैमाने पर पश्चिमी देशों को निर्यात कर रही हैं ब्राउन शुगर...
लेकिन भारत में यह प्रचलन में नहीं है जबकि यह स्वास्थ्यवर्धक शक्कर उत्पाद है...
आप सभी साथियों से अपील करता हूँ लस्सी दूध मिठाई शरबत आदि में ब्राउन शुगर का इस्तेमाल कीजिए... क्योंकि यह कीमत में भी आधी है गुणों के मामले में जबरदस्त है....।
साभार : आर्य सागर खारी