10/03/2026
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PMKSY–2.0) के अंतर्गत जमवारामगढ़ ब्लॉक की ग्राम पंचायत दंताला मीणा में आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला का मंगलवार को समापन हुआ। कार्यशाला में यूनिसेफ के विषय विशेषज्ञों द्वारा पीआरए (Participatory Rural Appraisal) के टूल्स रिसोर्स मैप, सोशल मैप एवं सीजनल मैप की जानकारी दी गई। इन टूल्स के माध्यम से ग्रामवासियों की सहभागिता से डीपीआर (DPR) में शामिल किए जाने वाले कार्यों के चयन की प्रक्रिया समझाई गई।
अभ्यास के लिए छह दलों का गठन कर उन्हें विभिन्न ग्राम पंचायतों में भेजा गया, जहाँ दिनभर गतिविधियाँ संचालित की गईं। शाम को संबंधित ग्राम पंचायतों में रात्रि चौपाल आयोजित कर दिनभर की गतिविधियों और प्रस्तावित कार्यों की जानकारी ग्रामीणों के साथ साझा की गई। परियोजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में जल संसाधनों का बेहतर प्रबंधन और कृषि उत्पादकता में वृद्धि करना है। यह परियोजना भारत सरकार के ग्रामीण विकास विभाग (भू संसाधन) द्वारा स्वीकृत है, जिसका कुल क्षेत्रफल 3742 हेक्टेयर तथा लागत 823.24 लाख रुपये है। इसके अंतर्गत 6 ग्राम पंचायतों के 13 गांव शामिल हैं।
निदेशक एवं पदेन संयुक्त शासन सचिव, निदेशालय जलग्रहण विकास एवं भू संरक्षण, श्री मुहम्मद जुनैद के निर्देश पर आयोजित इस कार्यशाला के दौरान उन्होंने स्वयं दंताला मीणा ग्राम पंचायत का दौरा कर ग्रामवासियों को परियोजना की विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी तथा उत्पादन, जीविकोपार्जन और प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन से जुड़े अधिक से अधिक कार्यों के चयन के निर्देश दिए, ताकि किसानों को योजना का अधिकतम लाभ मिल सके। इस अवसर पर यूनिसेफ राजस्थान प्रभारी श्री ऋषभ हिमानी, अतिरिक्त निदेशक (प्रशासन) श्री नरेन्द्र सिंह, अतिरिक्त निदेशक (CSS-I) श्री राजेन्द्र प्रसाद, पंचायत समिति सदस्य सहित बड़ी संख्या में किसान और महिलाएं उपस्थित रहे।