26/09/2023
महिला को उच्च अधिकारी से मूल दस्तावेज तथा पति की मृत्यु के उपरांत बीमा राशि प्राप्त करवा कर महिलाओं को प्रदान की
राहत
26 सितंबर, जयपुर। मंगलवार को सुनवाई के दौरान राजस्थान राज्य महिला आयोग द्वारा 33 मामलों की सुनवाई कर पांच मामलों में मौके पर ही निस्तारण कर महिलाओं को त्वरित राहत प्रदान की गई ।
महिलाएं निजी संस्थानों पर निर्विघ्न कार्य कर सके इसलिए राज्य सरकार द्वारा विभिन्न कदम उठाए गए हैं, राज्य महिला आयोग भी इस क्रम में बेहद गंभीरता से कार्य कर रहा है। आयोग के समक्ष आई एक परीवेदना में संस्था अधीक्षक द्वारा महिला के मूल दस्तावेज रोक लिए जाने पर महिला को पेशेवर जीवन में आगे बढ़ाने में विघ्न पैदा हो रहा था जिसे दूर कर महिला आयोग ने महिला को मूल दस्तावेज आयोग कार्यालय में त्वरित रूप से प्राप्त करवाए एवं उनके करियर में ऊंचाइयों तक पहुंचने के रास्ते का समर्थन किया।
अन्य मामले में पति की मृत्यु के पश्चात ससुराल पक्ष द्वारा रखी गई बीमा राशि महिला आयोग द्वारा परिवादी को जीवन जीने का स्रोत के रूप मे हस्तांतरित करवा कर राहत प्रदान की गई।
प्रदेश भर की महिलाओं को आ रही विभिन्न समस्याओं का निस्तारण करते हुए माता-पिता की समझाइए कर बेटी को साथ रख पढ़ाई करवाने के लिए प्रेरित किया साथ ही एक दंपति की समझाइए कर साथ रहकर घर बसाने को प्रोत्साहित किया।
अन्य मामलों में आयोग अध्यक्ष श्रीमती रेहाना रियाज द्वारा पुलिस अधिकारी के साथ क्षेत्र के बारे में अपनी जानकारी साझा कर जांच में शामिल किए जाने वाले बिंदुओं पर प्रकाश डाला गया। साथी पुलिस से सत्यात्मक तथ्य आत्मक तथ्यात्मक रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया एवं उचित अन्य संबंधित अधिकारियों को उचित निर्देश दिए गए सनी के दौरान आयोग सदस्य सुनवाई के दौरान आयोग सदस्य श्रीमती सुमित्रा जैन भी उपस्थित रहे।