05/06/2026
अहेरिया समाज के अधिकारों की लड़ाई में एक सकारात्मक कदम
"संघर्ष जारी है, कामयाबी अवश्य मिलेगी" — यह केवल एक नारा नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के अहेरिया समाज की वर्षों पुरानी मांग और उसके लिए चल रहे सतत प्रयासों का प्रतीक है।
अहेरिया समाज को पुनः अनुसूचित जाति की सूची में शामिल किए जाने की मांग लंबे समय से उठाई जाती रही है। इसी महत्वपूर्ण विषय को लेकर आज उत्तर प्रदेश सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) माननीय श्री असीम अरुण जी से शिष्टाचार भेंट कर विस्तार से चर्चा करने का अवसर प्राप्त हुआ।
मुलाकात के दौरान अहेरिया समाज की वर्तमान स्थिति, सामाजिक एवं शैक्षिक चुनौतियों तथा अनुसूचित जाति का दर्जा पुनः प्राप्त होने से समाज को मिलने वाले लाभों पर गंभीरता से विचार-विमर्श हुआ। माननीय मंत्री जी ने विषय को ध्यानपूर्वक सुना और इसके प्रति अपनी संवेदनशीलता एवं गंभीरता व्यक्त की। उनका सकारात्मक दृष्टिकोण समाज के लिए आशा की नई किरण लेकर आया है।
यह मुलाकात अहेरिया समाज के लिए एक महत्वपूर्ण और उत्साहवर्धक कदम मानी जा सकती है। समाज के लोगों में यह विश्वास मजबूत हुआ है कि सरकार उनकी मांगों पर गंभीरतापूर्वक विचार कर रही है और आने वाले समय में इस संबंध में कोई सकारात्मक निर्णय सामने आ सकता है।
किसी भी समाज की प्रगति उसके अधिकारों, सम्मान और एकजुटता पर निर्भर करती है। अहेरिया समाज के अधिकारों की इस लड़ाई में समाज के सभी लोगों का सहयोग, जागरूकता और संगठन ही सबसे बड़ी शक्ति है। जब पूरा समाज एक लक्ष्य के लिए संगठित होकर प्रयास करता है, तो सफलता का मार्ग अवश्य प्रशस्त होता है।
अंत में, माननीय श्री असीम अरुण जी का हृदय से धन्यवाद एवं आभार, जिन्होंने समाज की भावनाओं और अपेक्षाओं को गंभीरता से सुना। आशा है कि निकट भविष्य में अहेरिया समाज को उसकी लंबे समय से चली आ रही मांग के संबंध में शुभ समाचार प्राप्त होगा।
जितेंद्र रावल
BJP HQ
Lokesh Kumar 🫡