06/06/2024
अयोध्या लोकसभा क्षेत्र में पाँच विधानसभा क्षेत्र लगते हैं,,
१--अयोध्या(फैज़ाबाद और राममंदिर का क्षेत्र)
२--रुदौली(अयोध्या मंदिर से 40 किलोमीटर लगभग)
३--मिल्कीपुर(अयोध्या से लगभग 30 किलोमीटर)
४--बीकापुर(अयोध्या से लगभग 25 किलोमीटर)
५---दरियाबाद(अयोध्या से लगभग 55 किलोमीटर, मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्र)
अयोध्या लोकसभा क्षेत्र का परिसीमन होना बहुत जरूरी है,,,,
अयोध्या में हम 4667 वोटों से जीते हैं,,क्योंकि हिन्दू वोट संगठित था,,,खुलकर वोट पड़े,,,,वोटिंग लाइन जयजयश्रीराम का उदघोष करके वोट कर रही थी,,,,
जबकि सपा को सबके वोट पड़े,,पूरे शहर के मुस्लिम दलित यादव अधिकतर वोट सपा को ही गए,,,
बीकापुर जो कि अयोध्या मंदिर से 22 से 25 किलोमीटर दूर है,, एक काफी ग्रामीण क्षेत्र है, और पिछड़ा भी,,,क्योंकि इधर किसी ने ढंग से ध्यान ही नही दिया आजतक,,,और सपा ने आरक्षण हटाने की अफवाह को ढंग से कैश किया इधर,,,
मिल्कीपुर से सपा के विजयी कैंडिडेट अवधेश प्रसाद विधायक हैं,, तो उनका गढ़ समझिये,,लेकिन फिर भी तगड़ी फाइट मिली उनको,,
दरियाबाद तो है ही मुस्लिम क्षेत्र,,सांसद जी बस प्रतिनिधि भेजते थे,,या चुनाव के समय फ़ोटो खिंचाने जाते हैं,,,
उधर हार की वजह यही है,,, बाकी राम के नाम पर वोट उधर भी पड़े,,,
कुल मिला जुलाकर जो लोग गाली दे रहे अयोध्या वालों को उनको यही कहूँगा की पहले अयोध्या की भौगोलिक स्थिति को समझिये,,,
और रही बात मंदिर की,,,,विकास की इन्फ्रा की
तो सुनिये,,कुछ लोगों को मिर्ची लग सकती है---
अयोध्याजी में सिर्फ राममन्दिर ही बना है अभी तक,,वो भी पूरा नही,,
सड़क बनी है तो सिर्फ 8 किलोमीटर जिसे रामपथ कहते हैं,,जिसमें जबरदस्ती लोगों के घर तोड़ दिये गए,,
नयाघाट(वीणा चौराहा) से रामघाट सिर्फ 2 किलोमीटर,,
उसके अगले बगल सूर्य पोल लग गया है,,सजावट के लिए बस,,,,,
कुछ लोग कह रहे कि एयरपोर्ट बन गया है,,,
हाँ भइया बन गया है,,यूपी में बहुत जगह बना है नया एयरपोर्ट,,,कोई अजूबा नही बना है,,,
बाकी अयोध्या की गलियाँ पैदल चलने लायक तक नही हैं,,,
अयोध्या से नही हारे हैं हम,,,कल कई वोटर ऐसे मिले जो कह रहे थे कि बीजेपी को वोट भी दो और गाली भी सुनो,,,,
और ये बहुत से लोग कह रहे कि अयोध्या जाओ तो घर से प्रसाद बनाकर ले जाओ,,वो सुन लें---
अयोध्या जी मे देशी घी के बेसन के लड्डू को जियो टैग मिल चुका है,, और इसका एक स्पेशल मॉडल का डिब्बा भी है,,हनुमानगढ़ी में वही प्रसाद के रूप में अर्पित होता है,, बाकी और कुछ भी नही चढ़ा सकते उधर,,,कनक भवन में खुरचन पेड़ा चढ़ता है,,,,
लोग अपने ही उन हिन्दू भाइयों का बायकॉट करने के लिए कह रहे,,जो जीवनपर्यंत मंदिर के लिए लड़ने और बाहरी कारसेवकों के लिए कारसेवकपुरम बनाये,, खाना पानी की ब्यवस्था किये,,,,मित्रवत प्रेम दिए।।।।
जिनका बायकॉट करना है उनका नही करेंगे,,अपने ही भाइयों का करेंगे ।।