15/03/2026
शहीद हसन खां मेवाती शहादत दिवस के 500 वर्ष पूरे होने पर एक वर्ष का विशेष अभियान,
— शहीद राजा हसन खान मेवाती,
वेलफेयर सोसाइटी ,
चेयरमैन,
अनवर खान इंजीनियर
7027380909,
मेवात की गौरवशाली धरती के वीर योद्धा
शहीद हसन खां मेवाती ने 15 march 1527 में खानवा के ऐतिहासिक युद्ध में मातृभूमि और स्वाभिमान की रक्षा के लिए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान दिया था। उनका यह बलिदान मेवात ही नहीं बल्कि पूरे देश के इतिहास में साहस और देशभक्ति का प्रतीक माना जाता है।
शहादत के 500 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में एक वर्ष तक विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस अभियान के अंतर्गत मेवात क्षेत्र के गांव-गांव में संगोष्ठी, इतिहास परिचर्चा, युवा सम्मेलन, खेल प्रतियोगिताएं, सांस्कृतिक कार्यक्रम और पौधारोपण अभियान आयोजित किए जाएंगे।
इसके साथ ही विद्यालयों और महाविद्यालयों में विशेष व्याख्यान और निबंध प्रतियोगिताएं आयोजित कर विद्यार्थियों को शहीद हसन खां मेवाती के जीवन, संघर्ष और बलिदान से परिचित कराया जाएगा। इस अभियान का उद्देश्य युवाओं में इतिहास के प्रति जागरूकता और अपने महान पूर्वजों के प्रति सम्मान की भावना को मजबूत करना है।
अभियान के दौरान मेवात के ऐतिहासिक स्थलों पर विशेष कार्यक्रम आयोजित कर क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान को भी मजबूत किया जाएगा। साथ ही सरकार और प्रशासन से यह मांग भी की जाएगी कि शहीद हसन खां मेवाती की स्मृति में स्थायी स्मारक, शोध केंद्र और संग्रहालय स्थापित किए जाएं।
बड़कली चौक स्थित शहीदी स्मारक व नगीना कॉलेज में मनाया गया शहादत दिवस
शहादत दिवस के अवसर पर बड़कली चौक स्थित शहीदी स्मारक तथा नगीना कॉलेज में भी श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान सामाजिक कार्यकर्ताओं, युवाओं, शिक्षकों और विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने वीर शहीद को पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और उनके बलिदान को याद किया।
इस मौके पर वक्ताओं ने कहा कि शहीद हसन खां मेवाती का बलिदान मेवात की पहचान और गौरव का प्रतीक है, जिससे नई पीढ़ी को प्रेरणा लेनी चाहिए।
राजुद्दीन जंग ने मेवात के सामाजिक संगठनों, शिक्षाविदों, युवाओं और जनप्रतिनिधियों से अपील की कि वे इस ऐतिहासिक अवसर पर एकजुट होकर इस अभियान को सफल बनाएं, ताकि आने वाली पीढ़ियां भी मेवात के इस महान शहीद के बलिदान को गर्व और सम्मान के साथ याद रख सकें। ゚ #मेवात